सिख धर्म के नव गुरु श्री गुरु तेग बहादुर जी के शहीदी दिवस के अवसर पर असम राज्य के धोबडी साहिब गुरुद्वारे से प्रारंभ हुई, नगर कीर्तन यात्रा का समापन आनंदपुर साहिब, पंजाब में होगा। इस यात्रा का 13 /१४ अक्टूबर को अहमदाबाद गुजरात में भव्य स्वागत किया गया।

सिख धर्म के नव गुरु श्री गुरु तेग बहादुर जी के शहीदी दिवस के अवसर पर असम राज्य के धोबडी साहिब गुरुद्वारे से प्रारंभ हुई, नगर कीर्तन यात्रा का समापन आनंदपुर साहिब, पंजाब में होगा। इस यात्रा का 13 /१४ अक्टूबर को अहमदाबाद गुजरात में भव्य स्वागत किया गया।
Views: 401
1 0

Read Time:2 Minute, 2 Second

गुरु तेग बहादुर जी ने अपनी शहादत के माध्यम से धार्मिक स्वतंत्रता और मानवाधिकार की रक्षा के लिए अपना जीवन समर्पित किया था। उनकी शहादत सिख इतिहास में एक महत्वपूर्ण मोड़ है और उन्हें “हिंद दी चादर” के रूप में याद किया जाता है। नगर कीर्तन यात्रा के माध्यम से गुरु तेग बहादुर जी के जीवन और उनकी शहादत के महत्व को याद किया जाएगा, और लोगों को उनके दर्शनों और शिक्षाओं को अपनाने के लिए प्रेरित किया जाएगा।इस शाहिदी नगर कीर्तन में अन्य धर्मों के आगेवान भी उपस्थित रहे। इस नगर यात्रा में श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की पालकी एवं शास्त्रों की गाड़ी, पांच प्यारे एवं 150 गाड़ियों के साथ सुसज्जित होकर यह शहीदी नगर कीर्तन गुजरात से गुजरायह यात्रा असलाली गुरुद्वारे से होकर गुरुद्वारा साहिब गोबिदधाम तत्पश्चात सरसपुर एवं गुरुद्वारा साहिब रामदास सोसाइटी होते हुए ओढव गुरुद्वारा गुरु नानक साहिब पहुंची, जहां रात्रि विश्राम के बाद 14 अक्टूबर सुबह बहुत ही उत्साह के साथ इस नगर कीर्तन यात्रा को रवानगी दी गई। एसजीपीसी द्वारा आयोजित इस शहीदी नगर कीर्तन यात्रा में शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के सभी प्रेसिडेंट सेक्रेटरी एवं अन्य मेंबर्स मौजूद थे।परमजीत कौर छाबड़ा प्रेसिडेंट ” सिख फाउंडेशन” गुजरात

Happy
Happy
100 %
Sad
Sad
0 %
Excited
Excited
0 %
Sleepy
Sleepy
0 %
Angry
Angry
0 %
Surprise
Surprise
0 %

You may also like