जो मानस जप ठीक से करते हैं, उससे मानस ध्यान भी ठीक-ठीक होता है।

Views: 368
1 0

Read Time:59 Second

जो मानस जप ठीक से करते हैं, उससे मानस ध्यान भी ठीक-ठीक होता है। मानस ध्यान ऐसा होना चाहिए कि हू-ब-हू देख लिया जाय। परम श्रद्धेय बाबा देवी साहब ने एक दिन मुझसे पूछने की कृपा की, ‘क्या तुम मानस ध्यान में रूप हू-ब-हू निकाल लेते हो?’ मैंने कहा-‘जी नहीं, धुंधला दिखाई देता है।’ इस बात पर बाबा साहब ने कहा-‘मैंने मानस ध्यान किया और हू-ब-हू निकाल लिया है।’ तो इस प्रकार दोनों सीढ़ियों पर मजबूत होने पर विशेष युक्ति-द्वारा बिना दृश्य आधार के दृष्टि स्थिर हो जाती है, तब विन्दु का उदय होता है।

प्लीज लाइक सेयर एण्ड कॅमेन्ट करे।

Happy
Happy
100 %
Sad
Sad
0 %
Excited
Excited
0 %
Sleepy
Sleepy
0 %
Angry
Angry
0 %
Surprise
Surprise
0 %

You may also like